हर मुस्कान के पीछे एक अनकही वेदना होती है। यह कविता उसी मौन पीड़ा, संघर्ष और आत्मा की संवेदना को शब्दों में पिरोती है।
एक वेदना
ज़िन्दगी की तपिश में भीगता मौन,
बाचाल और मुखर मन,
संवेदना का कोमल स्पर्श,
वेदना का निस्संग तन।
अनकहे शब्दों का संचय,
स्मृतियों का अथाह सागर,
साँसों में घुलता विराग,
आँखों में ठहरा अंतराल।
संघर्ष का निरंतर निर्वाह,
आकांक्षाओं का विस्तृत आँगन,
विश्वास की थरथराती डोर,
प्रतीक्षा का अंतहीन दर्पण।
आनंद का क्षणभंगुर क्षण,
कोशिश की अडिग लगन,
पहेली-सी जीवन की चुभन,
मोहकता का शीतल चंदन।
मन-आँगन का भीगा सावन,
स्वप्नों का अनदेखा मधुबन,
अचरज से भरा हर प्रांगण,
और समय का मौन अनुगमन।
कभी धूप बनकर झुलसाती,
कभी छाया बनकर सहलाती,
कभी प्रश्नों में उलझाती,
कभी उत्तर बनकर मुस्काती।
जो खोया, वही तो पाया,
जो पाया, वह कब ठहर पाया?
जीवन की हर उपलब्धि के पीछे
एक अधूरा-सा रिक्ति-गान समाया।
शायद इसी का नाम जीवन है,
जहाँ हँसी भी आँसू की सहोदर है,
जहाँ हर मिलन के भीतर
एक अनाम बिछोह का स्वर है।
और अंततः...
मौन का समूचा स्पंदन,
मन का अनकहा कंपन,
संवेदना का अंतिम स्पर्श,
आत्मा का मौन समर्पण।
यही तो है—
वेदना का सारा आनन,
जो हर मुस्कान के पीछे
धीरे-धीरे खिलता रहता है।
— गौतम झा
एक वेदना
ज़िन्दगी की तपिश में भीगता मौन,
बाचाल और मुखर मन,
संवेदना का कोमल स्पर्श,
वेदना का निस्संग तन।
अनकहे शब्दों का संचय,
स्मृतियों का अथाह सागर,
साँसों में घुलता विराग,
आँखों में ठहरा अंतराल।
संघर्ष का निरंतर निर्वाह,
आकांक्षाओं का विस्तृत आँगन,
विश्वास की थरथराती डोर,
प्रतीक्षा का अंतहीन दर्पण।
आनंद का क्षणभंगुर क्षण,
कोशिश की अडिग लगन,
पहेली-सी जीवन की चुभन,
मोहकता का शीतल चंदन।
मन-आँगन का भीगा सावन,
स्वप्नों का अनदेखा मधुबन,
अचरज से भरा हर प्रांगण,
और समय का मौन अनुगमन।
कभी धूप बनकर झुलसाती,
कभी छाया बनकर सहलाती,
कभी प्रश्नों में उलझाती,
कभी उत्तर बनकर मुस्काती।
जो खोया, वही तो पाया,
जो पाया, वह कब ठहर पाया?
जीवन की हर उपलब्धि के पीछे
एक अधूरा-सा रिक्ति-गान समाया।
शायद इसी का नाम जीवन है,
जहाँ हँसी भी आँसू की सहोदर है,
जहाँ हर मिलन के भीतर
एक अनाम बिछोह का स्वर है।
और अंततः...
मौन का समूचा स्पंदन,
मन का अनकहा कंपन,
संवेदना का अंतिम स्पर्श,
आत्मा का मौन समर्पण।
यही तो है—
वेदना का सारा आनन,
जो हर मुस्कान के पीछे
धीरे-धीरे खिलता रहता है।
— गौतम झा
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